रिपोर्ट : ज्योति डोभाल
टिहरी : टिहरी के प्रदीप बिजल्वान ने आपको Uklive के माध्यम से इम्यूनिटी पॉवर बढ़ानेे के कुदरती उपाय बताये थे जो कि आपको क्रमशः भाग एक और दो में बताया गया आज फिर से प्रदीप बिजल्वाण आप सभी को कोरोना वायरस से बचने के उपाय अपने तीसरे अंक में बतायेंगे पढ़िये उन्ही की जुबानी
दोस्तों आज मैं एक वैज्ञानिक सोच पर आधारित कोरोना वाइरस को ख़त्म करने के सन्दर्भ में कुछ तथ्य प्रेषित करता हूँ लेकिन कुछ एक को यह केवल कल्पना अथवा असम्भव सा लगे तो इसके लिये मैं क्षमाप्रार्थी हूँ ...
कोरोना वाइरस एक तैलीय लिपिड के बुलबुले के अन्दर होता है जिसके चारों औऱ प्रोटीन औऱ लिपिड्स की परत होती है ......कोशिकाओं में Ace 2 नामक प्रोटीन के संक्रमण यदि इस कोरोना वाइरस की बाहरी परत जो प्रोटीन य़ा तैलीय लिपिड से बनी होती है , उसे किसी भी प्रकार तोड़कर R.N.A. को कमज़ोर किया जाये तो मरीज़ संक्रमण विहीन हो जाता है ।
इसमें गिलोय का तुरन्त प्रयोग यदि पहली ही stage में किया जाये तो गिलोय का श्लेष्मा तैलीय लिपिड से जुड़ नहीं पायेगा जिससे कोरोना वाइरस की आगे की प्रक्रिया गतिमान नहीं हो पायेगी .....।
जैसे साबुन से लगातार 20 second तक़ हाथ धुलने पर संक्रमण का खतरा ना के बराबर रहता है । उसी प्रकार साबुन में उपस्थित Salt औऱ Acid के होने से इनकी मात्रा को भी इस प्रकार निर्धारित करें कि वह वाइरस से भी लड़ सकें ...
यदि इस कोरोना वाइरस को जीवणुभोजी बनाया जाये औऱ यह कोई लाभप्रद जीवणु जो कोरोना वाइरस का मुकाबला भी कर सके तो तब इस वाइरस का ध्यान कोशिकाओं से हटकर जीवाणुओं की ओर जाकर अपनी जीवाणुभोजी की प्रकृति में आकर किसी तरह शरीर से बाहर निकाले ज़ा सकते हैं , ...।
औऱ किसी मरीज़ के शरीर से निसृत हुए किसी एक वाइरस को सहारा बनाकर इसी बीमारी से निपटने हेतु टीके औऱ ड्रग्स आदि का निर्माण हो सकता है ।
चीन द्वारा बनाये गये इस वाइरस को अग़र विभिन्न laabs में stage को धीमे धीमे अग़र इसकी उत्पति तक़ लानें की stage तक़ पहुँचाया जाये तो चीन को जो इसको तैयार करने में जानता हो ...तो वहीं इसका ईलाज ढूंढ़ने में मदद कर सकता है जिससे मानवता को बचाया जा सके ၊
इसमें यदि शरीर को किसी अधिक तापमान जो शरीर के लिये हानिकारक ना हों तो .तब कोशिकाओं से अधिक से xअधिक प्रोटीन अथवा लिपिड की परत से पसीने के ऱूप में उस पर आश्रित कोरोना के मरीजो में थोड़ा उसके कोरोना वाइरस अथवा RNA को निष्क्रिय कर सकते हैं ...
लेकिन इसमें ध्यान रहे कि उन मरीजों को तुरन्त रिकवर करने हेतु दोबारा energitic कर लिया जायें ...


