ज्योति डोभाल संपादक
नई टिहरी (उत्तराखंड) : नई टिहरी के बौराड़ी क्षेत्र में आयोजित दो विवाह समारोहों ने समाज को सकारात्मक संदेश देते हुए “नॉन-कॉकटेल (शराब मुक्त) शादी” का उदाहरण प्रस्तुत किया। आयुषी व पूजा के शुभ विवाह अवसर पर पूरे कार्यक्रम को नशामुक्त रखते हुए “शराब नहीं, संस्कार” की भावना को प्रमुखता दी गई।
इस अवसर पर दुल्हन को “नशामुक्त विवाह प्रमाण पत्र” प्रदान कर सम्मानित किया गया। दुल्हन ने अपने वक्तव्य में कहा कि “शादी जीवन का पवित्र संस्कार है, इसमें शराब जैसी बुराइयों का कोई स्थान नहीं होना चाहिए। मैं सभी युवाओं और परिवारों से अपील करती हूं कि वे भी नशामुक्त विवाह को अपनाएं।”
“शराब नहीं संस्कार मुहिम” के प्रणेता श्री सुशील बहुगुणा जी ने अपने संबोधन में कहा कि “समाज में परिवर्तन तभी संभव है जब हम अपनी परंपराओं को सही दिशा में आगे बढ़ाएं। नशामुक्त शादी न केवल एक परिवार, बल्कि पूरे समाज को जागरूक करने का माध्यम बनती है।” उन्होंने इस पहल के लिए वर-वधू एवं दोनों परिवारों की सराहना की।
कार्यक्रम में उपस्थित परिजनों एवं अतिथियों ने भी इस पहल का समर्थन करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया।
इस शुभ अवसर पर मुख्य रूप से— आयुषी के पिता राकेश भट्ट मॉडल हाउस न्यू टिहरी व पूजा के पिता नरेंद्र भट्ट भट्ट मोटर्स अन्य समस्त परिजन, रिश्तेदार एवं क्षेत्रीय गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
समारोह के दौरान मेहंदी, प्रीतिभोज एवं विवाह संस्कार सभी कार्यक्रम पूर्णतः नशामुक्त वातावरण में सम्पन्न हुए, जिसने उपस्थित जनसमूह को एक नई दिशा देने का कार्य किया।
“शराब नहीं, संस्कार चुनें” का संदेश देते हुए यह आयोजन समाज में एक सकारात्मक बदलाव की ओर महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


