कवि: सोमवारी लाल सकलानी, निशांत।
टिहरी : आजादी के अमृत महोत्सव वर्ष के तत्वावधान में, राज्य स्थापना दिवस 09 नवंबर 2021 के परिप्रेक्ष्य में, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल जी. एस. चंद से पूर्व सैनिक संगठन पदाधिकारियों की अनौपचारिक बातचीत हुई।
जिला पूर्व सैनिक संगठन के संरक्षक तथा पूर्व अध्यक्ष श्री इंद्र सिंह नेगी तथा सेना मैडल कै.बिजेंद्र सिंह साहब भी साथ थे। नई टिहरी में निजी कार्य के बावजूद यह मुलाकात अत्यंत महत्वपूर्ण रही क्योंकि अनेक महत्वपूर्ण बातें इस बैठक में हुई ।
पूर्व सैनिक पुत्र होने के नाते, सैनिकों के प्रति सम्मान मैं अपना नैतिक दायित्व समझता हूं। प्रतिवर्ष 26 जुलाई कारगिल विजय दिवस तथा 16 दिसंबर विजय दिवस के उपलक्ष्य में शौर्य स्मारक पर अनेकों बार कार्यक्रम का संचालन किया और जिला सैनिक कल्याण परिषद की ओर से सम्मानित भी दिया गया।
बैठक में विक्टोरिया क्रॉस गब्बर सिंह ने की स्मृति मेला समिति के अध्यक्ष तथा पूर्व सैनिक संगठन के संरक्षक इंद्र सिंह नेगी ने कार्यक्रम के बाबत अनेकों महत्वपूर्ण सुझाव इस अनौपचारिक बैठक में दिए। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्गों पर पूर्व सैनिकों से वसूला जाने वाला टोल टैक्स माफ करने की बात की तथा बीसी गब्बर सिंह ने की नेगी स्मृति मेला के अवसर पर पूर्व की भांति सेना की भर्ती आयोजित करने की भी बात बैठक में रखी। इसके अलावा जनपद में विभिन्न सैनिक विश्राम गृह तथा सैनिकों की समस्या के बारे में सैनिक कल्याण अधिकारी के साथ विस्तृत चर्चा की। अपने स्तर से विभिन्न समस्याओं का समाधान करने की भी सहमति प्रकट की।
सौहार्दपूर्ण वातावरण में यह बातचीत हुई। यद्यपि यह औपचारिक बैठक नहीं थी फिर भी आगामी कार्यक्रम के लिए एक सुझावात्मक बातचीत रही।
लेफ्टिनेंट कर्नल चंद साहब ने समस्त पूर्व सैनिकों और उनके परिवारजनों को दीपावली की अग्रिम शुभकामनाएं प्रेषित की। साथ में पूर्व सैनिकों, द्वितीय विश्व युद्ध के सैनिक और सैनिक विधवाओं, वीर नारियों से संबंधित, सम्मान और सुविधाओं पर भी बातचीत हुई। पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष श्री देव सिंह पुंडीर की ओर से भी जिला सैनिक कल्याण अधिकारी तथा समस्त पूर्व सैनिकों और उनके परिवार जनों को दीपावली की मंगलमय शुभकामनाएं प्रेषित की गई। इस अवसर पर सहायक अधिकारी कै. दीवान सिंह बागड़ी, श्री जितेंद्र सिंह पुंडीर, श्री केशर सिंह कैन्तुरा आदि उपस्थित थे।
प्रतीक चिन्ह के रूप में जिला सैनिक कल्याण अधिकारी को मैंने अपनी कृति "सुरकुट निवासिनी" की प्रति भी भेंट की। उनके द्वारा भूरि- भूरि प्रशंसा की गई।
दिवाली /धनतेरस के मौके पर गोल्डन फिश कैंटीन के खुले होने के कारण दूरदराज से आए हुए अनेकों पूर्व सैनिक उपस्थित थे,जो कि दीपावली के लिए कैंटीन से खरीदारी करते हुए नजर आए। पूर्व सैनिक संगठन के संरक्षक नेगी द्वारा उन लोगों से भी सैनिकों से संबंधित बातचीत हुई तथा दीपावली के मंगलमय शुभकामनाएं प्रेषित की गई।

