ज्योति डोभाल (संपादक)
देवप्रयाग विधानसभा में इन दिनों हिल टॉप नाम से बिक रही शराब खुब चार्चा में है।
सोशल मीडिया से लेकर स्थानीय ग्रामीणों में इस शराब की बिक्री को लेकर विरोध शुरू हो गया है। बताते चले कि वर्ष 2016 में देवप्रयाग विधानसभा में खुल रही शराब फैक्ट्री का भारी विरोध हुआ था। क्षेत्रीय जनता और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने आंदोलन किया। लेकिन सरकार बदलते ही शराब फैक्ट्री का निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर शुरू हुआ। और आज इसका परिणाम है कि हिल टॉप नाम से देवप्रयाग क्षेत्र में शराब उपलब्ध हो चुकी हैं।
यूकेडी नेता गणेश भट्ट ने कहा कि देवप्रयाग विधानसभा के डडूवा भंडाली क्षेत्र में शराब फैक्ट्री पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की देन है। वर्ष 2016 में हुए आंदोलन के दौरान तत्कालीन सरकार और फैक्ट्री प्रबंधन ने स्थानीय ग्रामीणों से वायदा किया था कि योग्यता के आधार पर बेरोजगार युवाओं को रोजगार दिया जाएगा साथ ही इस शराब फैक्ट्री की शराब राज्य से बाहर बेची जाएगी। लेकिन अब फैक्ट्री संचालक अब अपने वायदों पर खरी नहीं उतरी है।
हिल टॉप नाम से फैक्ट्री द्वारा निर्मित शराब देवप्रयाग के विभिन्न शराब दुकानों में उपलब्ध है और पढ़े लिखे डिग्री धारक युवाओं को श्रमिक स्तर का रोजगार दिया जा रहा है। जो कि न्यायोचित नहीं है।
इस विषय पर स्थानीय भाजपा विधायक विनोद कंडारी चुप्पी साधे हुए हैं। जो कि दुर्भाग्यपूर्ण है।
यदि कम्पनी अपनी मनमानी करती रही तो शीघ्र ही यूकेडी बेरोजगार युवाओं और महिलाओं के साथ मिलकर अपनी मांगे मनवाने के लिए आंदोलन करेगा।
आक्रोश व्यक्त करने वालों में संदीप रावत, कुलदीप राणा, माहेश्वरी शाह, सुधीर बांगवाल, मुकेश गैरोला, जवाहर पंवार, आरती बंगवाळ, पवन गोस्वामी आदि यूकेडी कार्यकर्ता रहे।
Team uk live


