रिपोर्ट : ज्योति डोभाल
टिहरी : पेड आनुवंशिक विविधता को संरक्षित करते हैं, ऑक्सीजन और समृद्ध होते हैं। वायु को प्रदूषण से बचाते हैं, बड़े पैमाने पर जलवायु बनाते हैं। वनों का वनस्पति जंगली फलों और जामुन, नट्स और मशरूम, विभिन्न प्रकार की औषधीय जड़ी बूटियों और विभिन्न उद्योगों के लिए विशिष्ट तकनीकी कच्चे माल का एक अनूठा आपूर्तिकर्ता है।
यह बात विश्व पर्यावरण दिवस पर सामाजिक कार्यकर्ता सुशील बहुगुणा ने चौपड़ियाल गांव मे मिश्रित वन की अवधारणा को लेकर कही|
सुशील बहुगुणा ने कहा की हमें फलदार पेड जंगल मे लगाने चाहिए इससे एक तो हम बंदरों को जंगल मे रोक सकते हैँ दूसरा वह हमे ऑक्सीजन भी उपलब्ध कराएगा | इस अवसर पर जिला पंचायत सदस्य एलमा सजवान द्वारा वन का सरक्षण गांववासियों द्वारा किये जाने की बात कही व इसके लिये गांव वासियों को उनके हक हकू मिलने आवश्यक हैँ | जिला सहकारी क्रय विक्रय समिति के अध्यक्ष विनोद डबराल ने कहा की हमारा गांव के निवासी जंगली जानवरों विशेष कर बंदरों से बहुत परेशान हैं
विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में ग्राम पंचायत चोपडियाल गाँव के प्राथमिक विद्यालय एवं आंगनबाड़ी केन्द्र मे राड्स संस्था के सौजन्य से वृक्षारोपण किया गया इस अवसर पर युवक मंगल दल अध्यक्ष विरेंद्र डबराल, सचिव अंकित डबराल , धीरज मणी, मुकेश डबराल आंगनबाड़ी कार्यकत्री मधु चमोली व दीपमाला डबराल
धर्मेंद्र पंवार, जगदीश बडोनी, अनुराग सकलानी व दिगोठी ग्राम सभा के युवक मंगल दल के अध्यक्ष सौरभ नेगी के साथ रोबिन सुरेंद्र सौरभ मुकेश अमित राकेश के द्वारा भी फलदार वृक्षों का वृक्षारोपण किया गया.
इस मौके पर परियोजना निदेशक धर्मेंद्र पंवार ने सभी से इस मुहिम मे बढ़ चढ़ कर भाग लेने की अपील की.