रिपोर्ट... ज्योति डोभाल
नई टिहरी... मंगलवार को राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य सलाहकार एवं अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष संजय सहगल ने अपने दो दिवसीय जनपद भ्रमण के दौरान पीपीपी मोड पर संचालित जिला चिकित्सालय बौराड़ी का औचक निरिक्षण किया.
उन्होंने किसी भी प्रकार की परेशानी जनता को ना पहुंचे इसके लिए स्वास्थ्य सेवाएं सुदृढ़ करने के निर्देश अस्पताल प्रबंधन एवं मुख्य चिकित्साधिकारी को दिये.
उन्होंने कहा कि अत्याधुनिक मॉडल का प्रदेश का दूसरे नंबर का आईसीयू यहाँ पर बन रहा है जो टिहरीवासियों के लिए अच्छी बात है.
अल्ट्रासॉउन्ड के प्रचार प्रसार को लेकर भी सहगल ने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देश दिये.
पत्रकारों के द्वारा स्वास्थ्य बिभाग मे दस फरबरी को होने वाली भर्ती प्रकिया को निरस्त किये जाने को लेकर पूछे गए प्रश्न पर राज्य मंत्री का कहना था कि हमारी प्राथमिकता चालीस साल पूरे कर चुके अभ्यर्थीयों को भी मौका देने का है इसलिये इस भर्ती प्रकिया मे हम आयु सीमा को चालीस से बढ़ाकर बयालीस साल कर रहे हैं उसके बाद बहुत जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी जायेगी.
भले ही सरकार इस भर्ती प्रक्रिया को रद्द करवा कर उम्र सीमा को बढ़ाना चाहती हो परन्तु सवाल यह उठता है कि जिन जिलों मे भर्ती हो चुकी है क्या सरकार उन भर्तीयों को रद्द करवाएगी क्योंकि देहरादून मे स्वास्थ्य बिभाग मे भर्ती प्रक्रिया गतिमान है और चमोली, पौड़ी, उत्तरकाशी मे नियुक्ति हो चुकी है. तो क्या इन जिलों कि भर्ती प्रक्रिया रद्द की जायेगी क्योंकि इस मुद्दे को लेकर अभ्यर्थी कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकते हैं, जबकि स्वास्थ्य महानिदेशालय के पत्रांक संख्या 2080HR/NHMUK/2017-18 दिनांक 05/12/2017 में स्पष्ट लिखा है कि डॉक्टर के लिए आयु सीमा 65 वर्ष एवं अन्य के लिए चालीस वर्ष है। इस गाइडलाइन के अनुसार अन्य जिलों में भर्ती हुई है, कुछ जिलों में गतिमान है।
कुल मिलाकर स्वास्थ्य बिभाग की भर्ती प्रक्रिया सरकार के गले की हड्डी बन सकता है.


