रिपोर्ट : ज्योति डोभाल
नई टिहरी : उत्तराखंड सरकार के द्वारा तीलू रौतेली पुरुस्कार मे नामो की घोषणा पर टिहरी महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष दर्शनी रावत ने आपत्ति जताई है.दर्शनी रावत ने कांग्रेस कार्यालय मे प्रेस को सम्बोधित करते हुए कहा कि उत्तराखंड सरकार ने महान वीरांगना तीलू रौतेली का अपमान किया है. सरकार ने पूरे प्रदेश मे केवल दो महिलाओ को छोड़कर शेष बीस उन महिलाओ को इस पुरुस्कार के लिए चुना है जिनका इस पुरुस्कार पर हक़ नही बनता. उन्होंने कहा सरकार बताये इन महिलाओ ने ऐसा कौन सा सामाजिक कार्य किया है जिस पर इनको तीलू रौतेली पुरुस्कार से सम्मानित किया गया.
इन महिलाओ मे ज्यादातर या तो बीजेपी अध्यक्ष या फिर बीजेपी के बड़े नेताओं की रिश्तेदार या फिर बीजेपी नेत्रीयां है जिनका इस पुरुस्कार से दूर दूर तक कोई नाता ही नही है.
महिला जिलाध्यक्ष ने बीजेपी को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि बीजेपी सरकार और इनके नुमाइंदे बेलगाम हो गए हैं.
कहा कि पुरुस्कार बितरण मे सरकार ने पात्र अभ्यर्थियों को पुरुस्कार न देकर अपनी पार्टी की कार्यकर्ताओ को पुरुषकृत कर तीलू रौतेली पुरुस्कार की गरिमा को समाप्त करने का काम किया है.
टिहरी मे बीजेपी की नेत्रीयां अवैध रूप से प्लॉट आवंटन करवा रहीं हैं या फिर अवैध रूप से इन्होने सरकारी आवासों पर कब्जा करवा रखा है.
उन्होंने प्रेस को सम्बोधित करते हुए कहा जनता सब जानती है इनको 2022 मे जनता ही सबक सिखाएगी.
इस मौके पर महिला जिलाध्यक्ष दर्शनी रावत, ममता उनियाल, शहर अध्यक्ष देवेंद्र नौडियाल, लखवीर चौहान, शकुंतला, आशा रावत, कौशल्या पांडे, सहित कार्यकर्ता उपस्थित रहे.



