रिपोर्ट.... वीरेंद्र नेगी
उत्तरकाशी... चार धामों तीर्थ पुरोहितों महापंचायत के एक प्रतिनिधिमंडल ने आज ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती से मध्य प्रदेश के परमहंसी आश्रम में भेंट की ।
इस दौरान तीर्थ पुरोहितों ने उत्तराखंड राज्य सरकार के देवस्थानम एक्ट के बारे में विस्तार से बताया।
शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती ने कहा कि वे इस एक्ट को असांधानिक व सनातन धर्म का विरोधी बताया। उन्होंने कहा कि वह सुप्रीम कोर्ट में तीर्थ पुरोहितों को विधिक सहायता भी उपलब्ध कराएंगे ।
शनिवार को अपने तयशुदा कार्यक्रम के मुताबिक चार धाम के प्रतिनिधि मंडल ने महापंचायत के संयोजक सुरेश सेमवाल की नेतृत्व में ज्योतिष पीठाधीश्वर स्वरूपानंद से मुलाकात की ।
प्रतिनिधिमंडल ने उत्तराखंड राज्य सरकार द्वारा बनाए उत्तराखंड चार धाम प्रबंधन विधेयक के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
ज्योतिष पीठाधीश्वर जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने कहा कि यह एक्ट सनातन धर्म के विरुद्ध है । उन्होंने कहा कि असंवैधानिक भी है।
उन्होंने पुरोहितों को आश्वस्त किया कि उच्चतम न्यायालय में इस एक्ट के विरोध में याचिका दाखिल करने में हुए तीर्थ पुरोहितों को विधिक सहायता उपलब्ध कराएंगे । उन्होंने कहा कि कि वे इस एक्ट के विरोध में देश भर में अभियान चलाएंगे। प्रतिनिधिमंडल में सुरेश सेमवाल,राजेश सेमवाल, अनुरूद उनियाल ,उमेश सती, डा बृजेश सती उपस्थित रहे.
राजेश सेमवाल. गंगोत्री मंदिर समिति अध्यक्ष


